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Ratha Saptami 2024 Date: कब है रथ सप्तमी? जानें तिथि, मुहूर्त, स्नान का समय और सूर्य मंत्र

Ratha Saptami 2024 Date: हिंदू धर्म में रख सप्तमी का विशेष महत्व है। इस दिन स्नान दान के साथ सूर्य को अर्घ्य देने से शुभ फलों की प्राप्ति होती है। आइए जानते हैं कब है रथ सप्तमी। इसके साथ ही जानें मुहूर्त, महत्व और मंत्र
Written by: Shivani Singh
नई दिल्ली | Updated: January 31, 2024 11:49 IST
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Ratha Saptami 2024 Date: कब है रथ सप्तमी
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Ratha Saptami 2024 Date: हिंदू पंचांग के अनुसार, माघ मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को रथ सप्तमी कहा जाता है। इसे अचला सप्तमी और सूर्य जयंती के नाम से भी जाना जाता है। इस दिन भगवान सूर्य का जन्म हुआ था। इसी के कारण इस दिन भगवान सूर्य की पूजा करने से व्यक्ति को हर पापों, दुख-दरिद्रता से मुक्ति मिल जाती है। आइए जानते हैं इस साल कब है रथ सप्तमी? साथ ही जानें सूर्य मंत्र और महत्व…

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कब है रथ सप्तमी 2024? (Ratha Saptami 2024 Date)

हिंदू पंचांग के अनुसार, माघ माह के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि 15 फरवरी को सुबह 10 बजकर 12 मिनट पर आरंभ हो रही है, जो 16 फरवरी को सुबह 08 बजकर 54 मिनट पर समाप्त होगी। ऐसे में उदया तिथि के हिसाब से रथ सप्तमी 16 फरवरी 2024, शुक्रवार को मनाई जाएगी।

रथ सप्तमी 2024 स्नान का मुहूर्त (Ratha Saptami 2024 Snan Muhurat)

रथ सप्तमी के दिन स्नान दान का विशेष महत्व है। इस दिन सुबह 05 बजकर 17 मिनट से सुबह 06 बजकर 59 मिनट तक स्नान करना शुभ होगा।

रथ सप्तमी 2024 शुभ योग (Ratha Saptami 2024 Shubh Yog)

इस साल रथ सप्तमी पर काफी शुभ योग बन रहे हैं। सुबह से लेकर दोपहर 03 बजकर 18 मिनट तक ब्रह्म योग रहेगा। इसके साथ ही सुबह से लेकर सुबह 08 बजकर 47 मिनट तक भरणी नक्षत्र और उसके बाद कृत्तिका नक्षत्र रहेगा।

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रथ सप्तमी 2024 महत्व (Ratha Saptami 2024 Significance)

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, माघ मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को सूर्य का जन्म हुआ था। इस कारण इस दिन सूर्य की पूजा करने से व्यक्ति को हर रोग, दोष और भय से मुक्ति मिल जाती है। इसके साथ ही अर्घ्य देने से शुभ फलों की प्राप्ति होती है और आरोग्य का वरदान मिलता है। माघ शुक्ल पक्ष सप्तमी के दिन भगवान सूर्य की पूजा उनके सुनहरे रथ पर बैठकर की जाती है, जो सात सफेद घोड़ों द्वारा खींचा जाता है। इसके साथ ही सूर्य भगवान के सभी मंदिरों में रथ सप्तमी के दिन विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया जाता है।

रथ सप्तमी में करें इन सूर्य मंत्रों का जाप (Surya Mantra)

  • ॐ घृ‍णिं सूर्य्य: आदित्य:
  • ॐ ह्रीं ह्रीं सूर्याय नमः ।
  • ॐ सूर्याय नम: ।
  • ॐ घृणि सूर्याय नम: ।
  • ॐ ह्रीं ह्रीं सूर्याय सहस्रकिरणराय मनोवांछित फलम् देहि देहि स्वाहा।।
  • ॐ ऐहि सूर्य सहस्त्रांशों तेजो राशे जगत्पते, अनुकंपयेमां भक्त्या, गृहाणार्घय दिवाकर:।
  • ॐ ह्रीं घृणिः सूर्य आदित्यः क्लीं ॐ

डिसक्लेमर- इस लेख में दी गई किसी भी जानकारी की सटीकता या विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। विभिन्न माध्यमों जैसे ज्योतिषियों, पंचांग, मान्यताओं या फिर धर्मग्रंथों से संग्रहित कर ये जानकारियां आप तक पहुंचाई गई हैं। हमारा उद्देश्य महज सूचना पहुंचाना है। इसके सही और सिद्ध होने की प्रामाणिकता नहीं दे सकते हैं। इसके किसी भी तरह के उपयोग करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें।

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