scorecardresearch
For the best experience, open
https://m.jansatta.com
on your mobile browser.

Child Marriage: कलम पकड़ने की उम्र में जबरन लगा रहे थे मेहंदी, आठवीं की छात्राओं ने बचा ली सहेली की जिंदगी

छोटी सी उम्र में बच्ची की शादी करवाने पर अड़े परिजनों को रोकने के लिए सरकारी स्कूल के साथी छात्राओं ने पुलिस, स्कूल मैनेजमेंट और चाइल्ड हेल्पलाइन की मदद से सफलता पाई।
Written by: जनसत्ता
नई दिल्ली | Updated: April 02, 2024 13:50 IST
child marriage  कलम पकड़ने की उम्र में जबरन लगा रहे थे मेहंदी  आठवीं की छात्राओं ने बचा ली सहेली की जिंदगी
सहमी छात्रा के साथ शादी की कई रस्में भी पूरी करा दी गई थीं। सूझबूझ से बाल-विवाह से बची।
Advertisement

नोएडा के सेक्टर-126 के सरकारी स्कूल में पढ़ने वालीं आठवीं की छात्राओं ने ऐसी सूझबूझ दिखाई, जिसकी कल्पना बड़ों ने भी नहीं की होगी। छात्राओं ने न केवल साथी छात्रा का बाल-विवाह रुकवाया, बल्कि उसके सपने बिखरने से बचा लिया। छोटी सी उमर में बच्ची की शादी करवाने पर अड़े परिजनों को रोकने के लिए छात्राओं ने पुलिस की भी मदद ली।

छात्रा फिर से स्कूल जाने से खुशी

आरोप है कि परिजन छात्रा की जबरन शादी कराने जा रहे थे। इसके लिए कई रस्में भी पूरी हो गई थीं। ऐन मौके पर पहुंची पुलिस ने शादी रुकवा दी। पुलिस के पहुंचने के बाद परिजनों ने फैसला वापस लेते हुए शादी रोक दी। अब छात्रा फिर से स्कूल जा रही है। शादी रोक दिए जाने से वह बेहद खुश है।

Advertisement

पहले बड़ी बहन की होनी थी शादी

पुलिस जांच में पता चला है कि छात्रा की बड़ी बहन की शादी होनी थी। शादी से कुछ दिन पहले बड़ी बहन संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई। समाज में बदमानी की डर से उन्होंने बड़ी की जगह छोटी बहन को शादी करने को कहा। कलम पकड़ने वाले उसके हाथों में जबरन मेहंदी भी लगाई गई। उसे शादी के लिए बकायदा तैयार किया गया था।

साथी छात्राओं ने बताया कि कुछ दिन पहले अचानक छात्रा स्कूल में सहमी हुई रहने लगी। कई दिन से परेशान देखकर सहपाठियों ने उदासी का कारण पूछा तो उसने जबरन शादी किए जाने की बात बताई। इसका पता चलते ही उसकी सभी सहपाठियों ने शिक्षिका और स्कूल मैनेजमेंट को इसकी जानकारी दी। स्कूल मैनेजमेंट ने चाइल्ड हेल्पलाइन और संबंधित थाने में इसकी शिकायत की। जानकारी लगते ही पुलिस सक्रिय हुई और कार्रवाई शुरू कर दी। शादी वाले दिन पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शादी रुकवा दी और आरोपियों को भी हिरासत में ले लिया। इसके बाद परिजन शादी रोकने के लिए राजी हो गए।

Advertisement

शिक्षिका बनना चाहती है छात्रा

पीड़ित छात्रा का कहना है कि वह शिक्षिका बनना चाहती है। वह सिर्फ अपने परिजनों की खुशी के लिए शादी कर रही थी, लेकिन उसे उसकी साथी छात्राओं ने बचा लिया। अब उसके परिजन भी समझ रहे हैं कि उसकी भी कुछ जिंदगी है। वह अपनी दीदी के किए की भरपाई क्यों करें। उसने कहा कि वह अब पढ़ लिखकर शिक्षिका बनेगी और फिर खुद के जैसे लड़कियों को शिक्षित करेगी।

Advertisement

इस तरह की घटनाओं का हो विरोध

स्कूल की एक शिक्षिका बताती हैं कि बच्चों ने उन्हें रोते हुए पूरे मामले की जानकारी दी थी। यह बेहद अफसोस की बात है कि आज के समय में भी इस तरह की कुरीतियां पनप रही हैं। इनका विरोध करने की जरूरत है।

Advertisement
Tags :
Advertisement
tlbr_img1 राष्ट्रीय tlbr_img2 ऑडियो tlbr_img3 गैलरी tlbr_img4 वीडियो