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Pankaj Udhas Death: गजल गायक पंकज उधास का निधन, 73 की उम्र में ली अंतिम सांस

जाने-माने सिंगर पंकज उधास का निधन हो गया है।
Written by: एंटरटेनमेंट डेस्‍क | Edited By: Sneha Patsariya
नई दिल्ली | Updated: February 26, 2024 18:59 IST
pankaj udhas death  गजल गायक पंकज उधास का निधन  73 की उम्र में ली अंतिम सांस
pankaj udhas
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Pankaj Udhas Death News: जाने-माने सिंगर पंकज उधास का निधन हो गया है। उनके निधन की जानकारी उनकी बेटी नायाब ने सोशल मीडिया पर दी है। पंकज उधास पिछले कई दिनों से बीमार चल रहे थे।

उनकी उम्र 73 साल थी। उनके को बड़ी पहचान फेमस गजल 'चिट्ठी आई है' से मिली थी। इस दुखद खबर के सामने आते ही म्यूजिक इंडस्ट्री शोक में डूब गई है। सोशल मीडिया पर हर कोई नम आंखों से उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।

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Pankaj Udhas Death News LIVE

बेटी ने की पुष्टि

सिंगर की बेटी ने इंस्टाग्राम पर पोस्ट शेयर करते हुए लिखा कि "बहुत भारी मन से, हम आपको लंबी बीमारी के चलते 26 फरवरी 2024 को पद्मश्री पंकज उधास के दुखद निधन की जानकारी देते हुए दुखी हैं।" सिंगर लंबे समय से बीमारी से जूझ रहे थे। जानकारी के मुताबिक पंकज उधास को कुछ महीने पहले कैंसर डिटेक्ट हुआ था और वो पिछले कुछ महीने से किसी से मिल नहीं रहे थे। वो उम्र संबंधी बीमारियों से भी जूझ रहे थे। 10 दिन पहले अस्पताल में भर्ती हुए थे। पंकज उधास का निधन सुबह करीब 11 बजे ब्रीच कैंडी अस्पताल में हुआ था। उनका अंतिम संस्कार मंगलवार को किया जाएगा।

पंकज उधास को इस गजल की मिली पहचान

पंकज उधास का जन्म 17 मई 1951 में गुजरात के जैतपुर में हुआ था। वे अपने तीन भाइयों में सबसे छोटे थे। पंकज के दोनों भाई मनहर और निर्जल उधास म्यूजिक इंडस्ट्री में जाना-पहचाना नाम हैं। पंकज उधास को असली पहचान साल साल 1986 में रिलीज हुई फिल्म 'नाम' से मिली। इस फिल्म से पंकज की गजल 'चिट्ठी आई है' आज भी काफी पसंद की जाती है। पंकज ने 'ये दिल्लगी', 'फिर तेरी कहानी याद आई', 'चले तो कट ही जाएगा' और 'तेरे बिन' जैसी कई गजलों को अपनी आवाज दी है।

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पद्म श्री से नवाजे जा चुके थे सिंगर

पंकज उधास को उनकी बेहतरीन आवाज के लिए कई अवॉर्ड्स से सम्मानित किया गया। उन्हें साल 2006 में पद्मश्री, 2012 में महाराष्ट्र गौरव अवॉर्ड।1985 में एल.एस. गाल अवॉर्ड, संगीत नाटक अकादमी अवॉर्ड (2003) और इंडियन फिल्म एंड टेलीविजन एकेडमी (IIFA) अवॉर्ड से भी सम्मानित किया गया। फिल्म 'नाम' के गीत 'चिट्ठी आई है' के लिए बेस्ट प्लेबैक सिंगर कैटेगरी में फिल्मफेयर अवॉर्ड्स (1988) से नवाजा गया।

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