scorecardresearch
For the best experience, open
https://m.jansatta.com
on your mobile browser.

सांवले एक्टर्स को नहीं मिलते पॉजिटिव रोल्स! 'जामताड़ा' एक्टर ने खोली इंडस्ट्री की पोल? बोले- यहां डार्क स्किन वालों के साथ होता है भेदभाव

दिब्येंदु भट्टाचार्य का कहना है कि भारत में रेसिज्म बढ़ता जा राह है। जो एक्टर्स सांवले होते हैं उन्हें पॉजिटिव रोल नहीं मिलते। इंडस्ट्री में उनके साथ भेदभाव होता है।
Written by: एंटरटेनमेंट डेस्‍क | Edited By: गुंजन शर्मा
नई दिल्ली | Updated: March 02, 2024 10:29 IST
सांवले एक्टर्स को नहीं मिलते पॉजिटिव रोल्स   जामताड़ा  एक्टर ने खोली इंडस्ट्री की पोल  बोले  यहां डार्क स्किन वालों के साथ होता है भेदभाव
दिब्येंदु भट्टाचार्य (फोटो-इंस्टाग्राम/Dibyendu Bhattacharya)
Advertisement

एक्टर दिब्येंदु भट्टाचार्य इन दिनों वेब सीरीज 'पोचर' में नजर आ रहे हैं। उन्होंने सांवले एक्टर्स को लेकर बात की है। उनका कहना है कि इंडस्ट्री में सांवले एक्टर्स के साथ भेदभाव होता है। दिब्येन्दु का कहना है वह लगन से काम करते हैं लेकिन इस बात से पूरी तरह वाकिफ हैं कि वह कभी भी 500 करोड़ रुपये की फिल्म में अभिनय नहीं करेंगे। उन्होंने ये भी कहा कि वह ऐसी फिल्मों में अभिनय करने की इच्छा नहीं रखते हैं।

Advertisement

यूट्यूब चैनल को दिए इंटरव्यू में दिब्येन्दु ने कहा,"मुझे जो भी काम मिलता है मैं करता हूं, मेरा 500 करोड़ की फिल्म में काम करने का सपना नहीं है। मुझे उस तरह के काम ऑफर नहीं होते। लेकिन जो भी मुझे मिलता है, मैं पूरे मन और लगन से करता हूं।" दिब्येन्दु के मुताबिक सांवले रंग वाले एक्टर्स को कभी पॉजिटिल रोल नहीं मिलता।

Advertisement

भारतीय फिल्म इंडस्ट्री की तुलना हॉलीवुड से करते हुए दिब्येन्दु ने कहा कि वेस्टर्न देशों ने रेसिज्म को अपना लिया है और हॉलीवुड में लोग अपने रेसिस्ट पास्ट को लेकर शर्म महसूस करते हैं। लेकिन भारतीय बहुत तेजी से रेसिस्ट होते जा रहे हैं। उन्होंने कहा,"मुझे लगता है कि भारतीय बहुत रेसिस्ट हो गए हैं। भारत के बाहर रेसिज्म बहुत साफ है लेकिन वे इससे बाहर निकलना चाहते हैं। वे अपने रेसिज्म से शर्मिंदा हैं। यह एक ग्लोबल मुद्दा है।"

इसके बाद दिब्येंदु ने सांवली त्वचा वाले अभिनेताओं को कास्ट करने के रवैये को लेकर बात की। उन्होंने कहा कि एक बार टीवी पर एक शो देखा था जिसमें भगवान कृष्ण की भूमिका एक गोरी त्वचा वाले अभिनेता ने निभाई थी।  "मैं एक बार टीवी पर 'श्री कृष्णा' शो देख रहा था और उन्होंने एक गोरी त्वचा वाले व्यक्ति को कृष्ण बनाया था और मुझे लगा कि यह उनकी कला है कि उन्होंने कृष्ण को गोरा बना दिया।"

Advertisement

दिब्येंदु ने कहा, "ये कल्चर हमें कभी नहीं छोड़ने वाला है। स्वदेस में एक बहुत अच्छा डायलॉग था, 'जो कभी नहीं जाती, उसे कहते हैं जाती'। ये चीजें हमें कभी नहीं छोड़ेंगी।" दिब्येंदु ने 'देव डी', 'द रेलवे मैन', 'जामताड़ा' और 'रॉकेट बॉयज' समेत कई फिल्मों में काम किया है।

Advertisement
Tags :
Advertisement
Jansatta.com पर पढ़े ताज़ा एजुकेशन समाचार (Education News), लेटेस्ट हिंदी समाचार (Hindi News), बॉलीवुड, खेल, क्रिकेट, राजनीति, धर्म और शिक्षा से जुड़ी हर ख़बर। समय पर अपडेट और हिंदी ब्रेकिंग न्यूज़ के लिए जनसत्ता की हिंदी समाचार ऐप डाउनलोड करके अपने समाचार अनुभव को बेहतर बनाएं ।
×
tlbr_img1 Shorts tlbr_img2 खेल tlbr_img3 LIVE TV tlbr_img4 फ़ोटो tlbr_img5 वीडियो